विजिलेंस की टीम ने किया गिरफ्तार, 540 करोड़ से अधिक राशि का पता चला
अमृतसर, 25 जून (सुरिंदर)। विजिलेंस विभाग ने पूर्व अकाली मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया को गिरफ्तार कर लिया है। आय से अधिक संपत्ति के केस में यह गिरफ्तारी की गई है। गिरफ्तार करने के बाद विजिलेंस की टीम मजीठिया को मोहाली ले गई। जहां उन्हें कोर्ट में पेश किया जाएगा। विजिलेंस को शुरूआती जांच में 540 करोड़ से अधिक प्रॉपर्टी का पता चला। विजिलेंस ने बिक्रम मजीठिया के घर से 29 मोबाइल फोन, 5 लैपटॉप, 3 आईपैड, 2 डेस्कटॉप, 8 डायरियां और अन्य दस्तावेज जब्त किए हैं।

विजिलेंस की टीम बुधवार सुबह एसएसपी लखबीर सिंह की अगवाई में मजीठिया के ग्रीन एवेन्यू स्थित घर पर पहुंची। इस दौरान मजीठिया की विजिलेंस टीम से बहस भी हुई। मजीठिया ने कहा कि सारी कार्रवाई राजनीतिक बदले की भावना से की जा रही है। मगर, वह इससे डरने वाले नहीं हैं।

मजीठिया की पत्नी विधायक गनीव कौर ने कहा कि विजिलेंस टीम ने उनके घर में जबरन घुसकर धक्कामुक्की भी की। इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए आम आदमी पार्टी की ओर जारी किए गए एक बयान में कहा गया है कि अमृतसर में 11, तरनतारन- 4, संगरूर 3 और लुधियाना में 2 जगह पर विजिलेंस की छापेमारी की गई है।

2021 में दर्ज किया गया था एनडीपीएक्ट का केस
पंजाब पुलिस के स्टेट साइबर क्राइम सेल ने 2021 में बिक्रम सिंह मजीठिया के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धाराओं के तहत केस दर्ज किया था। उस दौरान चली जांच में 540 करोड़ रुपए से ज्यादा का संदिग्ध वित्तीय लेन-देन सामने आया था। उनके खिलाफ दर्ज की गई एफआईआर में मजीठिया और उनकी पत्नी गनीव कौर द्वारा अपनी आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक संपत्ति अर्जित करने के पर्याप्त सबूत बताए गए हैं। बताया गया है कि 2007 में जब मजीठिया विधायक बने और बाद में पंजाब सरकार में कैबिनेट मंत्री बने तो उसी दौरान उनके और उनकी पत्नी के नाम पर संपत्ति में बेतहाशा बढ़ोतरी दर्ज हुई। पुलिस के अनुसार यह संपत्ति अज्ञात और गैरकानूनी स्रोतों से अर्जित की गई। एफआईआर में यह भी कहा गया है कि एकत्र की गई सामग्री से यह साबित होता है कि ये संपत्तियां अवैध गतिविधियों से अर्जित की गई हैं।
विजिलेंस का दुरुपयोग कर रहे हैं भगवंत मान – बिट्टू
केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा कि भगवंत मान विजिलेंस का दुरुपयोग कर रहे हैं, जो बहुत ही तुच्छ राजनीति का सबूत है। कांग्रेस ने जो आपातकाल लगाकर किया था, भगवंत मान पंजाब में वही कर रहे हैं। जो भी सरकार की विफलताओं या उसकी वैधता पर सवाल उठाने की हिम्मत करता है, उसे धमकाया जाता है और चुप करा दिया जाता है। भगवंत मान पंजाब में जो कांटे बो रहे हैं, उसके लिए उन्हें 2027 के बाद निकालना मुश्किल हो जाएगा।

कोई भी व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं है – हरपाल चीमा
मजीठिया की गिरफ्तारी पर वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि कोई भी व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं है। पंजाब में युद्ध नशे के विरुद्ध एक बहुत बड़ा अभियान चल रहा है। जब अकाली दल और भाजपा सत्ता में थे, जब कांग्रेस पार्टी सत्ता में थी। तब इन लोगों ने नशा बेचा और पंजाब के युवाओं को नशे की ओर धकेला। इन्होंने पंजाब के लोगों को नशे की लत लगाने का काम किया। आम आदमी पार्टी की सरकार इसके खिलाफ लड़ रही है। जो भी व्यक्ति नशे के कारोबार में शामिल था, चाहे वह छोटा हो या बड़ा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
भविष्य में होगी झूठे केसों की जांच – सुखबीर बादल
शिरोमणि अकाली दल के प्रधान सुखबीर बादल ने मजीठिया की गिरफ्तारी को राजनीतिक बदले की भावना से की गई कार्रवाई बताया है। उन्होंने कहा कि अकाली दल उनके साथ मजबूती से खड़ा है। उन्होंने सरकार को चेताया कि झूठे केसों की जांच भविष्य में जरूर होगी।

निंदनीय है बिक्रम मजीठिया की गिरफ्तारी- धींगान
वरिष्ठ अकाली नेता नरेश धींगान ने कहा कि भगवंत मान सरकार की ओर से बिक्रम मजीठिया के घर पर पुलिस द्वारा दुव्र्यवहार करके उन्हें गिरफ्तार करना निंदनीय है। यह बहुत ही दोयम दर्जे की राजनीति है। भगवंत मान सरकार बदले की भावना के साथ यह सब कर रही है। पुलिस ने उनकी पत्नी व मौजूदा विधायक गनीव कौर के साथ भी दुव्र्यवहार करके संवैधानिक अधिकारों का उल्लंघन किया। यह महिलाओं के अनादर का मामला भी बनता है। जिसे कोई भी बर्दाश्त नहीं करेगा। भगवंत मान व केजरीवाल को इसका खामियाजा उन्हें आगामी चुनाव में भुगतना पड़ेगा।
